पाक सीमा से छह महीने पहले लापता हुआ उत्तराखंड का जवान राजेंद्र शहीद घोषित 2020 rajendra singh negi

Army soldier rajendra singh negi पाक सीमा से छह महीने पहले लापता हुआ उत्तराखंड का जवान राजेंद्र शहीद घोषित

Army soldier rajendra singh negi

छह महीने पहले बॉर्डर पर बर्फ में फिसलने के बाद लापता जवान राजेंद्र को सेना ने शहीद घोषित कर दिया है। परिजनों को पत्र के माध्यम से सूचित कर दिया गया है। हालांकि अभी तक लापता हवलदार राजेंद्र सिंह नेगी की न बॉडी मिली है और न उनका कहीं सुराग लग पाया है।

सेना की जानकारी के अनुसार 11वीं गढ़वाल राइफल्स के जवान हवलदार राजेंद्र सिंह नेगी 8 जनवरी को पाकिस्तान सीमा पर स्थित अनंतनाग में बर्फ पर फिसलकर लापता हुए। नौ जनवरी को परिवार को इसका पता लगा था । इसके बाद से परिवार वाले परेशान थे । जवान की दो बेटियां और एक बेटा है। तीनों केवि आईएमए में पढ़ाई कर रहे हैं।

लापता हवलदार राजेंद्र सिंह नेगी को भले ही सेना ने शहीद घोषित कर दिया है, लेकिन परिजनों की उम्मीद अब तक भी नहीं टूटी है। उन्हें विश्वास है कि एक दिन वह जरूर लौटेंगे। जब तक वह उनका पार्थिव शरीर नहीं देख लेते तब तक वह उम्मीद नहीं छोडे़ंगे। पत्नी राजेश्वरी नेगी कहती हैं कि अब भी उनके पति सेना में ड्यूटी कर रहे हैं।

सेना ने खोजबीन कर उनका पता लगाने की कोशिश की, लेकिन सुराग नहीं लगा। मूलरूप से गैरसैंण के रहने वाले हवलदार राजेंद्र सिंह नेगी का परिवार देहरादून के अंबीवाला में रहता है। छह माह से परिजन उनके लौटने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। उन्होंने खोजबीन के लिए रक्षा मंत्री, मुख्यमंत्री तक गुहार लगाई, लेकिन कहीं पता नहीं चल पाया।

सांसद अजय भट्ट ने संसद में उठाया था लापता जवान राजेन्‍द्र सिंह नेगी की वापसी का मुद्दा सांसद अजय भट्ट ने विदेश मंत्री को भी पत्र लिखकर हवलदार राजेंद्र की खोज करवाने और विदेश मंत्रालय द्वारा की जाने वाली कार्यवाही को जल्द शुरू करने की अपील की थी नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश भी लापता जवान राजेंद्र सिंह नेगी की सकुशल वापसी के लिए विंग कमांडर अभिनंदन की तर्ज पर अभियान चलाने की मांग कर चुकी थी इतने प्रयासों भी जवान का कुछ पता नहीं चल पाया

परिजन लगातार कह रहे हैं कि सेना की ओर से उन्हें कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी जा रही है। हालांकि लंबे समय से लापता होने के कारण सेना ने उन्हें शहीद घोषित करते हुए आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

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