बीजेपी ने यूपी से राज्यसभा के आठ उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की और उसमें केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी का नाम नहीं होना चौंकाने वाला फैसला लगा। क्योंकि, उनका राज्यसभा का कार्यकाल नवंबर में समाप्त हो रहा है। पुरी पीएम मोदी कैबिनेट के एकमात्र सिख नेता हैं और अगले साल के शुरू में उत्तर प्रदेश के साथ ही पंजाब विधानसभा के भी चुनाव होने हैं। लेकिन, अगर उनका कार्यकाल खत्म हो गया, फिर भी जरूरी नहीं कि उन्हें पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले इस्तीफा देना ही पड़े।
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी कुछ महीने पहले विवादित दिवंगत अमेरिकी जेफ्री एपस्टीन फाइल्स की वजह से विपक्ष के निशाने पर आए थे। जब, उनका नाम यूपी से बीजेपी की राज्यसभा लिस्ट में नहीं आया तो विपक्ष के लोगों ने कहना शुरू कर दिया कि उन्हें तो पता था कि देर-सबेर उन्हें तो जाना ही है। लेकिन, विपक्ष के इन दावों और बीजेपी की रणनीति में अंतर है।
